रीवा. जिले भर में 15 जनवरी से 29 फरवरी तक राजस्व महाअभियान चलाया जा रहा है। अभियान में अब तक जिले भर में तहसील न्यायलयों में सुनवाई करके 8043 राजस्व प्रकरणों का निराकरण किया गया।
इस संबंध में कलेक्टर प्रतिभा पाल ने बताया कि इस अवधि में नामांतरण के 2566, सीमांकन के 886, बंटवारा के 866 प्रकरणों एवं अन्य राजस्व प्रकरणों का निराकरण किया गया। अनुविभागीय अधिकारी राजस्व न्यायालय में लंबित प्रकरणों की सुनवाई करके 833 राजस्व प्रकरणों का निराकरण किया गया।
सभी एसडीएम और तहसीलदार प्रकरणों की प्रतिदिन सुनवाई करके उनका निराकरण कर रहे हैं। राजस्व महाअभियान के तहत जिले भर में राजस्व शिविरों का ग्रामवार आयोजन किया जा रहा है। अब तक फौती नामांतरण के 3253 प्रकरण दर्ज किए जा चुके हैं। अभियान के दौरान अविवादित बंटवारे के 621 प्रकरण भी दर्ज किए गए हैं। अभियान के दौरान इनके निराकरण की लगातार कार्यवाही की जा रही है।
भू-अर्जन के प्रकरणों के लिए शिविर 7 मार्च को
भू-अर्जन तथा भूमि आवंटन के लंबित प्रकरणों के निराकरण के लिए 7 मार्च को कलेक्ट्रेट रीवा में शिविर का आयोजन किया जायेगा। इस संबंध में कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल ने बताया कि शिविर में सभी एसडीएम, नजूल अधिकारी तथा सभी तहसीलदार भू-अर्जन एवं भूमि आवंटन के प्रकरणों के साथ उपस्थित रहेंगे। शिविर में इन प्रकरणों के संबंध में एसडीएम तथा तहसीलदारों से प्रतिवेदन दर्ज करायें जायेंगे।
सभी एसडीएम तथा तहसीलदार शिविर से पहले भू-अर्जन और भू-आवंटन के प्रकरणों के प्रतिवेदन अनिवार्य रूप से तैयार करके कलेक्ट्रेट कार्यालय में प्रस्तुत करें। अपर कलेक्टर इसकी नियमित समीक्षा कर हर सप्ताह प्रतिवेदन प्रस्तुत करें। विभिन्न महत्वपूर्ण निर्माण कार्यों से जुड़े विभाग शिविर से पूर्व भू-अर्जन से संबंधित समस्त अभिलेख कलेक्ट्रेट के भू-अर्जन शाखा को उपलब्ध करायें जिससे प्रकरणों का निराकरण किया जा सके।
